Social Activity BSP
लखनऊ 03 जून 2026 (Social Activity BSP)। राजधानी लखनऊ के ऐतिहासिक घंटाघर में बुधवार को एक अहम बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें समाजी खिदमत, इंसाफ़, भाईचारे और जरूरतमंदों तक सहायता पहुँचाने जैसे मुद्दों पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में तहफ़्फ़ुज़-ए-नामूस-ए-रिसालत एक्शन ट्रस्ट (TNRAT) के राष्ट्रीय अध्यक्ष जनाब ज़ीशान मिर्ज़ा क़ादरी साहब और हैदराबाद खिदमत फाउंडेशन के अध्यक्ष जनाब निसार अहमद साहब विशेष रूप से मौजूद रहे।
बैठक सौहार्दपूर्ण माहौल में सम्पन्न हुई, जहां समाज के विभिन्न मुद्दों पर विचार-विमर्श करते हुए दोनों संगठनों ने इंसानियत, सामाजिक न्याय और आपसी सहयोग को और अधिक मजबूत बनाने पर सहमति जताई।
समाजी खिदमत और इंसाफ़ को मजबूत करने पर चर्चा
बैठक के दौरान जरूरतमंद और कमजोर वर्गों तक सहायता पहुँचाने, सामाजिक सहयोग को बढ़ावा देने तथा मानवीय सेवा कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाने पर गंभीर चर्चा की गई। हैदराबाद खिदमत फाउंडेशन की ओर से राहत कार्यों, गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों तक मदद पहुँचाने और समाज में सहयोग की भावना को मजबूत करने पर विशेष ज़ोर दिया गया।
वहीं तहफ़्फ़ुज़-ए-नामूस-ए-रिसालत एक्शन ट्रस्ट (TNRAT) की ओर से समाज में इंसाफ़ की स्थापना, कानूनी जागरूकता को बढ़ाने और उत्पीड़ित लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराने जैसे मुद्दों को प्राथमिकता देने की बात कही गई। संगठन ने कानून के दायरे में रहकर कौम और समाज की बेहतरी के लिए काम करने के अपने संकल्प को दोहराया।
भाईचारे और इंसानियत के लिए साथ मिलकर काम करने का भरोसा
बैठक में मौजूद पदाधिकारियों और सदस्यों ने समाज में अमन, भाईचारे और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने पर बल दिया। दोनों संगठनों ने भविष्य में इंसाफ़, इंसानियत और समाज की बेहतरी के लिए आपसी सहयोग को और अधिक मजबूत करने का भरोसा जताया।
इस दौरान उपस्थित लोगों ने कहा कि सामाजिक चुनौतियों का समाधान सामूहिक प्रयासों और सकारात्मक सोच से ही संभव है। बैठक में इस बात पर भी सहमति बनी कि जरूरतमंद लोगों तक मदद पहुंचाने और कानूनी जागरूकता फैलाने के लिए संयुक्त स्तर पर आगे भी प्रयास किए जाएंगे।
देश में अमन और तरक्की के लिए की गई दुआ
बैठक के समापन पर देश में अमन, भाईचारे और इंसानियत की बेहतरी के लिए विशेष दुआ की गई। उपस्थित लोगों ने उम्मीद जताई कि यह मुलाक़ात समाज के लिए सकारात्मक, उपयोगी और दूरगामी परिणाम देने वाली साबित होगी।
लखनऊ के ऐतिहासिक घंटाघर में हुई यह बैठक अब समाजी और खिदमती संगठनों के बीच बेहतर समन्वय और सहयोग की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखी जा रही है।
रिपोर्ट :- शेख सरफराज़ अहमद





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