Social Activity BSP
रायगढ़ (Social Activity BSP)। जिले के धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक युवक ने शराब के नशे और गुस्से में अपनी 70 वर्षीय मां की पीट-पीटकर हत्या कर दी, जबकि बीच-बचाव करने पहुंची अपनी मासूम बेटी पर भी जानलेवा हमला कर दिया। मामले में धरमजयगढ़ पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर आरोपी बेटे को गिरफ्तार कर हत्या कांड का खुलासा कर दिया है।
पुलिस के अनुसार, ग्राम चिकटवानी मुडाडीपा निवासी श्रीमती मेरीना लकड़ा (70 वर्ष) अपने घर में खून से लथपथ मृत अवस्था में मिली थीं। घटना की सूचना मिलते ही थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। जांच के दौरान मृतिका के सिर, माथे और कान के ऊपर गंभीर चोट के निशान पाए गए।
घटनास्थल पर मृतिका की 10 वर्षीय नातिन अगोस्टिना लकड़ा भी गंभीर रूप से घायल और बेहोश हालत में मिली। बच्ची के सिर में गंभीर चोट थी, जिसे पुलिस और ग्रामीणों की मदद से तत्काल सिविल अस्पताल धरमजयगढ़ भेजा गया। पुलिस ने मर्ग कायम कर पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजते हुए अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 140/2026 के तहत धारा 103(1) और 109 बीएनएस में मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
बेटे पर गया शक, पूछताछ में कबूला जुर्म
विवेचना के दौरान पुलिस का शक मृतिका के बेटे संदीप लकड़ा (37 वर्ष) पर गया। पुलिस टीम ने तत्काल आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जहां उसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया।
पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह ड्रायवरी का काम करता है। परिवार में बच्चों के इलाज के सिलसिले में घर के सदस्य रायगढ़ गए हुए थे। इस दौरान वह गांव में घूम-घूमकर शराब पी रहा था। घर लौटने पर उसकी मां मेरीना लकड़ा ने शराब पीने और आवारागर्दी को लेकर डांटा, जिससे वह आक्रोशित हो गया।
आरोपी ने गुस्से में घर में रखे लकड़ी के डंडे से अपनी मां के सिर और कान के पास ताबड़तोड़ हमला कर दिया। इसी दौरान बीच-बचाव करने पहुंची उसकी बेटी अगोस्टिना लकड़ा पर भी उसने जान से मारने की नीयत से हमला कर दिया। घायल बच्ची किसी तरह जान बचाकर दूसरे घर में पहुंची।
हत्या में प्रयुक्त डंडा बरामद
पुलिस ने आरोपी के मेमोरेंडम के आधार पर घटना में इस्तेमाल लकड़ी का डंडा बरामद कर जब्त कर लिया है। आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
यह कार्रवाई एसएसपी शशि मोहन सिंह के दिशा-निर्देशन, एडिशनल एसपी अनिल सोनी तथा एसडीओपी सिद्धांत तिवारी के मार्गदर्शन में की गई। मामले का त्वरित खुलासा करने में धरमजयगढ़ पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
एसएसपी का सख्त संदेश
मामले पर एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि, “घरेलू हिंसा, हत्या और महिलाओं-बुजुर्गों पर अत्याचार करने वालों के खिलाफ रायगढ़ पुलिस जीरो टॉलरेंस नीति पर काम कर रही है। ऐसे अपराधियों को हर हाल में कानून के दायरे में लाया जाएगा।”
रिपोर्ट :- शेख सरफराज़ अहमद






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